प्रशंसक

गूगल अनुसरणकर्ता

बुधवार, 7 सितंबर 2016

हिन्दी, हिन्द की आत्मा है

हिन्दी जन जन की भाषा है
हिन्दी विकास की आशा है
हिन्दी में है हिन्द बसा
हिन्दी अपनी परिभाषा है

हम सोच रहे है हिन्दी में
दिल समझे अपना हिन्दी में
फिर क्यो शर्माते फिरते है
जब बोल रहे हम हिन्दी में

कम्प्यूटर के है निकट हिन्दी
हिन्दी है भारत की बिन्दी
हिन्दी है अपनी सौम्य सरल
हिन्दी से है भारत का कल

हिन्दी दिवस अभी तो मनायेगे
कल इंगलिश इंगलिश चिल्लायेगे
हिन्दी मे सब सम्भावित है
हिन्दी सुगम सरल प्रभावित है

हिन्दी को न्याय दिलाने को
इसे विश्व पटल पर लाने को
संकल्प करे सब मिल कर ये

हिन्दी में ही हम काज करें

7 टिप्‍पणियां:

  1. jabardast kavita .... hum bhi Hindi mein hi pratikriya denge :) Ise yathartha mein parivartit karne ke liye hum saath mein hain :)

    उत्तर देंहटाएं
  2. हिन्दी को न्याय दिलाने को
    इसे विश्व पटल पर लाने को
    संकल्प करे सब मिल कर ये
    हिन्दी में ही हम काज करें
    ,,..तथास्तु .

    उत्तर देंहटाएं
  3. हिन्दी माह में हिन्दी की महिमा का बखान... अच्छा लगा!

    उत्तर देंहटाएं
  4. आपकी इस पोस्ट को आज की बुलेटिन 'मृत्युंजय योद्धा को नमन और ब्लॉग बुलेटिन’ में शामिल किया गया है.... आपके सादर संज्ञान की प्रतीक्षा रहेगी..... आभार...

    उत्तर देंहटाएं
  5. आपकी इस पोस्ट को आज की बुलेटिन ' विरोध के बाद भी चमका जिनका सितारा - ब्लॉग बुलेटिन’ में शामिल किया गया है.... आपके सादर संज्ञान की प्रतीक्षा रहेगी..... आभार...

    उत्तर देंहटाएं
  6. हिन्दी को न्याय दिलाने को
    इसे विश्व पटल पर लाने को
    संकल्प करे सब मिल कर ये
    हिन्दी में ही हम काज करें

    उत्तर देंहटाएं

आपकी राय , आपके विचार अनमोल हैं
और लेखन को सुधारने के लिये आवश्यक

GreenEarth